ख़रीद लो…..दुनिया के सारे ऐशो – आराम… //
_ फिर जरा हमे भी बताना कि …सुकून के दाम क्या हैं… ///
अच्छे कर्मों की हरियाली भी बड़ा सुकून देती है,
_ कभी एक पौधा अच्छे कर्म का लगा कर देखो !!
जैसे किसी खाली जमीन पर पेड़ पौधे न लगाए तो वहां घास फुस बेकार के पौधे अपने आप उगने लगते हैं..
_ अच्छे विचार का पौधा लगाना पड़ता है.. नहीं तो कचरा आने की कोई सीमा नहीं.
_ कब आयेगा और कितना.. उसको बस खाली जगह चाहिए.. चाहे जमीन हो या मन.!!





