मस्त विचार 771

जिस समय जिस काम के लिए प्रतिज्ञा करो,

ठीक उसी समय उसे करना ही चाहिए,

नहीं तो लोगों का विश्वास उठ जाता है.

मस्त विचार 769

“पानी को बर्फ में बदलने में वक्त लगता है,

ढले हुए सूरज को निकलने में वक्त लगता है !

थोड़ा धीरज रख, थोड़ा और जोर लगाता रह,

किस्मत के जंग लगे दरवाजे को खुलने में वक्त लगता है !

कुछ देर रुकने के बाद फिर से चल पड़ना दोस्त,

हर ठोकर के बाद संभलने में वक्त लगता है !

बिखरेगी फिर वही चमक तेरे वजूद से तू महसूस करना,

टूटे हुए मन को संवरने में थोड़ा वक्त लगता है !

जो तूने कहा कर दिखायेगा रख यकीन,

गरजे जब बादल तो बरसने में वक्त लगता है !

खुशी आ रही है और आएगी ही, इन्तजार कर,

जिद्दी दुख को टलने में थोड़ा सा वक्त तो लगता है.

मस्त विचार 768

किसी की आदत देखनी हो तो उसे इज्जत दो.

किसी की फितरत देखनी हो तो उसे आजादी दो.

किसी की नीयत देखनी हो तो उसे कर्ज दो.

किसी के गुण देखने हो तो उस के साथ खाना खाओ.

किसी का सब्र देखना हो तो उसे हिदायत दे कर देख लो.

किसी की अच्छाई देखनी हो तो उस से सलाह ले लो.

मस्त विचार 767

टूटे सपने को याद कर रोने से अच्छा है _

_ हकीकत को गले लगा _ उसके साथ मुस्कुराते हुए _ ज़िंदग़ी जी जाए…

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