मस्त विचार 4313
जुबां कड़वी सही पर दिल साफ़ रखता हूँ।।
कौन, कब, कहाँ बदल गया सब का हिसाब रखता हूँ।।
कौन, कब, कहाँ बदल गया सब का हिसाब रखता हूँ।।
मगर एक साथ चलना भी तो कोई कम नहीं होता..
जो मिलेगा नहीं उसी पर रोज मरते हैं हम..
_ जब भी आप कुछ करना चाहें, तो अगर-मगर के पीछे न छुपें.. बल्कि उसे करने का कोई रास्ता ढूँढ़ें.!!
_ क्योंकि अंत में आपकी अच्छाई ही आपकी संपत्ति होगी.!!
_ वक्त खुद आपकी कीमत लोगों को बता देगा….!!
और कुछ गैर हैं जो हर वक्त मेरा हाल पूछते रहते हैं….!!!