मस्त विचार 4391
दूर से देखा तो तुम थे, फिर दूर रहना ही ठीक समझा.!!
मीठा भी हो सकता है ज़हर कोई……..!!
_ बल्कि इतना मजबूत बनो कि आपको तोड़ने वाला खुद ही टूट जाए.
_ मजबूत होने का असली अर्थ हैँ जो बुरा लगे वो कहना आ जाए.!!
खुश नहीं गर ज़िंदगी से, तो वजह तुम खुद ही हो,