जिस समय हम किसी का अपमान करते है,
_ उसी समय हम अपना सम्मान भी खो देते हैं.
आप को यह पता होना चाहिए कि लोग केवल प्यार और सम्मान चाहते हैं.
_ आप जब उन्हें यह देंगे, तो वे भी आपके प्रति सम्मान और प्रेम रखेंगे.
सम्मान का भाव उन्हीं के प्रति रखिए जो आपके मन की भावनाओं को समझते हैं,
_ जो आपकी बातों को सिर्फ सुनते नहीं.. बल्कि उनके पीछे छिपे भाव को महसूस करते हैं.
_ जहाँ आपको बार-बार खुद को साबित न करना पड़े, जहाँ आपकी चुप्पी भी असम्मान न बने.!!





