सुविचार 4582
ख़ुश रहने के लिए ज़रूरी है कि हमारी आंतरिक और बाह्य दशाओं में सामंजस्य हो.
_ कमियां ढूंढने वालों को संतुष्ट करना नामुमकिन है.!!
_ विकल्प मिलते ही उसे नए में खुबियां, और पुराने में कमियां नजर आने लगती है..!!
_ उसके बाद आप दुनिया के लिए सिर्फ एक स्वार्थी इंसान बनकर रह जाते हैं.!!
_ आपकी अच्छाई आपकी पहचान है, लेकिन दुनिया अपनी फितरत के हिसाब से ही चलेगी.!!
पूरा जीवन बदलने की ताकत रखते हैं.