सुविचार 1739

हर व्यक्ति को अपना सर्वश्रेष्ठ मित्र बनना चाहिए. अपने को शाबासी भी देनी चाहिए, आत्महीनता नहीं आने देनी चाहिए.

सुविचार 1738

अगर शुरुआत खराब हुई तो समझना जिंदगी ने खुद को सछम होने के लिए एक अवसर दिया है,

और अगर शुरुआत अच्छी हुई तो समझना कि मुझे हर काम को सुंदरता से ही करना होगा,

क्योंकि जीवन ने मुझ पर भरोसा किया है…

सुविचार 1737

क्या हम बिना दिखावे के, एक-दूसरे का सम्मान करते हुए, सरल चित्त जीवन नही जी सकते ? सिर्फ दुआ और बद्दुआ ही तो हमारे साथ जायेगी, जरा सोचें, कि जीवन को हम जी रहे कि ढो रहे हैं ?

सुविचार 1736

सच्चा प्रेम वही है जो आप अगले की कमी जानते हुए भी आप उसको अपनाते हो और कभी उसको उसकी कमजोरी का अहसास नहीं दिलाते.
सच्चा प्रेमी कभी किसी सुन्दर व्यक्ति से प्रेम नहीं करता बल्कि ऐसे व्यक्ति से प्रेम करता है जिसे पाकर खुद का जीवन सुंदर बन जाए.

सुविचार 1735

जीवन में तकलीफ उसी को आती है, जो हमेशा जिम्मेदारी उठाने को तैयार रहते हैं, और जिम्मेदारी लेने वाले कभी हारते नहीं, या तो जीतते हैं या फिर सीखते हैं.

सुविचार 1734

यदि किसी दु:खी व्यक्ति के चहेरे पर हंसी आती हैं..? और उसकी वजह अगर आप हो तो..? मान लेना की आपसे..? अधिक महत्वपूर्ण व्यक्ति..!? इस दुनिया में कोई नहीं हैं..!!
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