सुविचार 1664

दूसरों की शिकायत करने वाला हमेशा अशांत रहता है और कभी भी सफल नहीं हो पाता.

सफलता और शांति पाने के लिये बेहतर है कि स्वयं को बदलें.

सुविचार 1663

शरीर बहुत समय तक टिकने वाला नहीं, लेकिन वे लोग जरुर टिकते हैं,

जिन लोगों ने शरीर को माध्यम बना कर कुछ महान कार्य किया.

सुविचार 1662

अपनी सीमाओं को पहचानो. बहुत ज्यादा उत्साहित होने से आप ऐसे मुकाम पर पहुँच सकते हैं, जहाँ ठहरना बस में न हो.

सुविचार 1661

वही जीवित है, जिसका मस्तिष्क ठंडा, रक्त गरम, ह्रदय कोमल और पुरुषार्थ प्रखर है.

सुविचार 1660

जब आप दूसरे को धोखा देते हैं तो, आप अपने ज़मीर को भी धोखा देते है.
छल या बल से चीज भले हासिल कर लो..

_ पर अगर थोड़ा सा भी ज़मीर जिंदा है तो वह धिक्कारेगा ही..!!

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