मस्त विचार 4878

हमारे पास दो रास्ते हैं या तो हम सही रास्ता चुन लें, _

_ या फिर कठिनाईयां हमारा रास्ता चुन लेगी.

मस्त विचार 4874

आग़ाज़ रो कर और अंत सो कर होना तो तय है,

_ क्यों ना सफर थोड़ा हँस कर गुज़ार लिया जाए।।

ज़िन्दगी अपनी कहानी स्वयं लिखती है..

_ वो भी कागजो व प्लानिंग पर लिखी जाने वाली ज़िन्दगी से अलग.!!

error: Content is protected