मस्त विचार 3651
जीवन में कभी अच्छे बन के मत रहो,
ये दुनिया अच्छाई पर नहीं ; झूठी शान पर जीती है..
ये दुनिया अच्छाई पर नहीं ; झूठी शान पर जीती है..
कीमत घट जाती है, अ क्सर कीमत लग जाने के बाद _____!!!!
_ कोई नहीं होगा आपका.. आपको ही अपना होना होगा ..!!
_ अज्ञात के भय से, वे परिचित पीड़ा को पसन्द करते हैं”
कर्ज में डूबना कठिन है. फाइनेंशियल रूप से अनुशासित रहना कठिन है. अपना कठिन चुनें.
कम्युनिकेट करना कठिन है. न करना भी कठिन है. अपना कठिन स्वयं चुनें.
जिंदगी कभी आसान नहीं होगी. यह हमेशा कठिन रहेगी.
लेकिन हम अपनी मेहनत चुन सकते हैं. – ‘बुद्धिमानी से चुनें’
बेहिसाब कदर आपका सुकुन तबाह कर देगी।।