मस्त विचार 3271
बनाया था हमने जिसे प्यार के काबिल,_
_ अब तो इतने काबिल हो गए कि_ हम उनके काबिल ना रहे !!!!
_ अब तो इतने काबिल हो गए कि_ हम उनके काबिल ना रहे !!!!
_ क्या हम सिर्फ लम्हों के गुलाम हैं ?
_ जिंदा रहने में, और एक दिन ना रहने में…
कि पूरी उम्र ही गांठ बांधने में गुजर जाती है.