मस्त विचार 2948

जो कुछ भी हूं लेकिन गुनहगार नहीं हूं मैं…

दहलीज हूं दरवाजा हूँ लेकिन दीवार नहीं हूं मैं..

मस्त विचार 2947

सारी जिंदगी के भाग दोड़ का मेहनताना भी क्या खुब है,

चेहरे पर झुर्रियाँ अपनो से दूरियां.

error: Content is protected