मस्त विचार 2610
हर लहज़ा उस के पाँव की आहट पे कान रख,
दरवाज़े तक जो आया है अंदर भी आएगा !!
दरवाज़े तक जो आया है अंदर भी आएगा !!
और उससे भी बहुत कम है जो मुझे समझ पाते हैं.
जहाँ मंजिले होगी अपनी.* कोई तो ऐसी ज़मीं होगी..*****
ना कोई आगे चलता है और ना कोई पीछे छूटता है !
तेरे लिए तू सही, मेरे लिए मैं सही..
अपनों को अपना बनाये रखना सबसे मुश्किल काम है.
_दूसरों को अपना बनाना अब खत्म होता जा रहा है..!!