मस्त विचार 2556
ये कह के दिल ने मेरे हौसले बढ़ाए हैं,
ग़मों की धूप के आगे ख़ुशी के साये हैं.
ग़मों की धूप के आगे ख़ुशी के साये हैं.
अब तू ही बता अब इस से ज़्यादा और कैसे चाहूँ तुझे..
जिस दिन पत्थर बना, लोगों ने देवता मान लिया.
टूट अगर हम गए तो बिखर तुम भी जाओगे.
लेकिन पता सब है कि कौन कितने पानी में है.
कोई अपना दुखी ना हो इसलिए सदा हँसते हैं हम..