| Mar 30, 2016 | मस्त विचार
नदी में पानी मीठा रहता है, क्योंकि वो देती रहती है.
सागर का पानी खारा रहता है, क्योंकि वो लेता रहता है.
नाले का पानी दुर्गन्ध पैदा करता है, क्योंकि वो रुका रहता है.
अपना जीवन भी वैसा ही है,
देते रहेंगे तो मीठे लगेंगे, लेते रहेंगे तो खारे लगेंगे.
| Mar 30, 2016 | मस्त विचार
दर्द वहाँ भी होता है…
नहीं मिलते जहाँ चोट के निशान…..
| Mar 29, 2016 | मस्त विचार
मंजिल तो हासिल कर ही लेंगे कहीं किसी रोज,
ठोकरें ज़हर तो नहीं जो खा के मर जाएँ….
अपने मन में आपके प्रति ज़हर रखने वालों से,
_दूर हो जाना किसी जीत से कम नहीं होता..
| Mar 28, 2016 | मस्त विचार
अहमियत तेरी बता नहीं सकता.
रिश्ता क्या है समझा नहीं सकता.
तुम मेरे लिए इतने ख़ास हो कि,
तुम जो नहीं साथ तो मैं मुस्करा नहीं सकता.
| Mar 27, 2016 | मस्त विचार
अगर किस्मत आज़माते-आज़माते थक गये हों…
तो कभी ख़ुद को आज़माईये, नतीजे बेहतर होंगें.
| Mar 26, 2016 | मस्त विचार
कर लेता हूँ बर्दाश्त हर दर्द, इसी आस के साथ ; _
_ कि खुदा नूर भी बरसाता है, आजमाइशों के बाद ..