मस्त विचार 786

खुबसुरत सा एक पल किस्सा बन जाता है ..

जाने कब कौन जिंदगी का हिस्सा बन जाता है ..

कुछ लोग जिंदगी में मिलते हैं ऐसे,

जिन से कभी ना टूटने वाला रिश्ता बन जाता है ..

मस्त विचार 785

अच्छे ने अच्छा और बुरे ने बुरा जाना मुझे.

क्यूँकि जिसकी जितनी ज़रूरत थी, उस ने उतना ही पहचाना मुझे.

मस्त विचार – सादगी होनी चाहिये – 783

सुंदरता हो न हो, सादगी होनी चाहिये.

_ खुशबू हो न हो, महक होनी चाहिये.
_ रिश्ता हो न हो, बंदगी होनी चाहिये.
_ मुलाकात हो न हो, बात होनी चाहिये.
_ यु तो हर कोई उलझा है अपनी उलझनों मे
_ सुलझन हो न हो सुलझाने कि कोशिश होनी चाहिये.
खुशनसीब हैं वो जो दिल में किसी को जगह देते हैं.
बैचेनी सहकर भी दूसरों को हँसना सीखा देते हैं.
दुनिया वाले लाख चाहे बदनाम उन्हें कर लें,
मगर वो सादगी से हर दिल में जगह बना लेते हैं.!!

मस्त विचार 782

मैं मानता हूं पैसे से सबकुछ खरीदा नहीं जा सकता

_ परंतु गरीबी से तो कुछ भी खरीदा नहीं जा सकता..!!!

संपन्नता मनुष्य में बहुत सारे गुणअवगुण भर देती है,

परंतु उस के अवगुण भी दूसरों को सदगुण लगते हैं,

जब कि गरीबी मनुष्य से उस के सदगुणों को भी छीन लेती है.

मस्त विचार 781

जीवन के किसी दुःख या ठोकर से इन्सान सबक ले ले,

तो वह ठोकर ठोकर नहीं होती,

वह तो आप के लिए एक सीख बन जाती है.

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