मस्त विचार 496

आपकी खुशी केवल और केवल आपके हाथ में है, आप खुद को इतना कमजोर न बनायें कि परिस्थितियां आपको तोड़- मरोड़ दे.

कई बार परिस्थितियां इतनी ख़राब नहीं होती, जितना हम उन्हें सोच- सोच कर बना देते हैं, हर घटना पर बेवजह सोचना बन्द करें. आगे बढ़ें, घटनाओं को सहज तरीके से लें, बेवजह दुःखी न हों.

मस्त विचार 495

क्यूँ वक़्त के साथ रंगत खो जाती है,

हंसती- खेलती ज़िन्दगी आम हो जाती है,

एक सवेरा था जब हँस कर उठते थे हम,

आज बिना मुस्कुराये ही……………….

………………………….शाम हो जाती है.

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