सुविचार 4079
_ आदमी वो होता है, जो नहीं दिखलाता, नहीं बताता.
_ फिर यात्रा निरर्थक और बेमंजिल रह जाती है.
_ आदमी वो होता है, जो नहीं दिखलाता, नहीं बताता.
_ फिर यात्रा निरर्थक और बेमंजिल रह जाती है.
उस पर नहीं ; जिसे आप खो चुके हो..
_आधी ख्वाहिशें ज़माना मुकम्मल होने नहीं देता..!!
जब आप अपने आदतन विचार बदलते हैं, तो यह ट्रेन की दिशा बदलने जैसा होता है.
_समझदारी ने तो बहुत कुछ छीन लिया…
और अस्वभाविकता सारा जीवन नष्ट कर देती है”
_ जब उसे वो नहीं मिलता जो वो आपसे चाहता था .!!
_देता था नया ज़ख्म वो रोज मेरी ख़ुशी के लिए..!!
और बड़े लालच यथासंभव जीवन से,”
_ फिर वो जरूरत की मानसिकता में तब्दील हो जाता है.!!