मस्त विचार 3673

लाजमी तो नहीं हर बार सज़ा गुनाह की ही मिले,

कभी – कभी ज्यादा नेकी भी सज़ा लाजवाब दिलाती है.

सुविचार 3797

किसी को सुधारना है तो उसे उसकी गलतियों को नही,

उसकी विशेषताओं की बार-बार याद दिलाओ.

मस्त विचार 3672

मिलते रहे रुलाने वाले, हम बन गये हंसाने वाले.

मन से निर्मल हो नहीं पाते, रोज- रोज गंगा नहाने वाले.

सुविचार 3796

दुश्मन बनाने के लिए जरुरी नहीं कि आप लड़ाई ही करें, बस अपने हक का और सच बोलें, बेशुमार दुश्मन आपके खानदान में ही मिल जायेंगे.
अपने हक के लिए बेशर्म बनो, क्योंकि शर्मीले लोगों का फायदा उठाने वालों को जरा भी शर्म नहीं आती है.

मस्त विचार 3670

ठोकरें नहीं खाएंगे जनाब_ तो कैसे जानेंगे….

_ कि आप पत्थर के बने हैं या शीशे के.

शीशे के घरों पर अभी गरूर है तुम्हें, अभी तुमने उछलते पत्थर नहीं देखे.!!

सुविचार 3795

अतीत के गुलाम नहीं बल्कि भविष्य के निर्माता बनो.

यदि आप प्रतिदिन अपने दायित्वों को पूरा करते हैं तो आपको भविष्य के बारे में चिंता करने की आवश्यकता नहीं है.

If you fulfill your obligations everyday you don’t need to worry about the future.

Collection of Thought 921

Control your anger, and don’t say things to people in the heat of the moment, that you may later regret. Some things in life, you are unable to take back…

अपने गुस्से पर नियंत्रण रखें, और लोगों से ऐसी बातें न कहें, जिससे आपको बाद में पछताना पड़े, _ जीवन में कुछ चीजें, जो आप वापस नहीं ले सकते..

सुविचार 3794

व्यक्तिगत रूपान्तरण की किसी भी प्रक्रिया में आत्म- स्वीकृति एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण मनोभाव होता है.

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