सभी इंसान हैं बस फर्क इतना है कि कुछ ज़ख्म देते हैं तो कुछ ज़ख्म भरते हैं !!
मस्त विचार 3375
शब्दों के कोष में अब मिलता नही अर्थ है,
_ इंसान को समझने में अब इंसान असमर्थ है !
सुविचार 3500
कमियाँ सब में होती हैं….फर्क इतना है…नजर दूसरों की आती है बस…
कमियाँ सब में होती हैं….फर्क इतना है…नजर दूसरों की आती है बस…
मस्त विचार 3374
“ये बात अलग है … कि किनारे पे खडा हूँ मैं,
लेकिन पता सब है … कि कौन कितने पानी में है …
सुविचार 3499
जीवन की हर मुश्किल ट्रैफिक की लाल बत्ती की तरह होती है,
यदि हम थोड़ा इंतज़ार कर लें तो वह फिर से हरी हो जाती है.
धैर्य रखें, थोड़ा इंतज़ार करें, आने वाला कल निश्चित ही अच्छा होगा.
सुविचार 3498
कभी भी किसी से भी बात करो ना, मुस्कुराओ जरूर.
_ आपके मुस्कुराने से सामने वाले का आधा दुख तो दूर हो जायेगा.
मस्त विचार 3373
बिना किसी मकसद के कोई आपकी परवाह करे तो _
_ यकीन मानिये आप खुशकिस्मत और भाग्यशाली हैं..!
सुविचार 3497
चाहे आप जितने अच्छे शब्द पढ़ लें या बोल लें, _
_ वो आपका क्या भला करेंगे जब तक आप उन्हें उपयोग में नहीं लाते..
अच्छे शब्द लेखनी से निकलकर व्यावहारिक जीवन में जब तक दाख़िल नहीं होंगे..
_ तब तक न दिल बदलेगा न दौर बदलेगा..!!
मस्त विचार 3372
कुछ दर्द …होना भी चाहिए…
जिंदगी में ज़िंदा होने का गुमान, बना रहता है.
क्या तू इतना सस्ता होता है ए-दर्द.. _
_ जिसे कुछ नहीं मिलता उसे तू ख़ूब मिलता है..!!
मस्त विचार 3371
सारे फ़रिश्ते मुझे ही मिले हैं ज़िन्दगी में, _
_ कोई गलती करता ही नहीं मेरे सिवा !!





