मस्त विचार 3264
किसी के दर्द की दवा बनो, __ ज़ख्म तो हर इंसान देता है..
ज़ख्म के लिए गलत जगह से, मरहम की उम्मीद.. नए ज़ख्म की वजह बन सकती है !!
ज़ख्म के लिए गलत जगह से, मरहम की उम्मीद.. नए ज़ख्म की वजह बन सकती है !!
_ जब तक तय की हुई जगह पर पहुँच न जाओ !!
“बस हक़ और सच बोलें” बेशुमार दुश्मन आपको अपने खानदान में ही मिल जायेंगे.
_ पर मन को निखारा तो _ ” जीवन ही खूबसूरत हो गया “
_ ज़िन्दगी की मुश्किलों का, सामना करने की ताकत मिले _ “जिंदगी न मिलेगी दुबारा”
_ क्योंकि सब आप के पास वापस लौट कर आता है..
_ जितना बड़ा वो सोच सकता है..
जैसे सुधार के लिए आलोचना से ज्यादा ‘समालोचना’ की जरूरत होती है !
_ आप भी _ उसके बिना खुश रहना सीखो !!