Collection of Thought 338
A successful man is one who can lay a firm foundation with the bricks others have thrown at him.
एक सफल आदमी वह है जो दूसरों द्वारा अपने ऊपर फेंकी गई ईंटों से एक मजबूत नींव रख सकता है.
एक सफल आदमी वह है जो दूसरों द्वारा अपने ऊपर फेंकी गई ईंटों से एक मजबूत नींव रख सकता है.
शर्मिन्दा तो यहाँ सिर्फ़ बेक़सूर होते हैं…
आसान होने से पहले सब कुछ मुश्किल है.
हँसे और हँसाये, मस्ती में रहे और मस्ती को बाँटें – ” उन्हें जीना आ गया.”
तुम जिस जन्नत की तलाश कर रहे थे, वह तुम्हारे बाहर नहीं है.
और अगर जीना है तो आगे देखो.
तो परिवर्तन की यह आदत है कि वह बिना बुलाए ही
आ जाता है और सारा मामला गड़बड़ा देता है.
संगत आपकी खराब होगी और बदनाम माँ बाप और संस्कार होंगे.