खुश रहो, इसलिए नहीं की सब कुछ अच्छा है बल्कि इसलिए कि आप हर चीज में अच्छाई देख सकते हैं.
अपनी ऊर्जा उन लोगों पर खर्च करो जो आपकी अच्छाई को समझें..
_ कमियां ढूंढने वालों को संतुष्ट करना नामुमकिन है.!!
इंसान विकल्पों का आदी है..
_ विकल्प मिलते ही उसे नए में खुबियां, और पुराने में कमियां नजर आने लगती है..!!
आपकी अच्छाई की एक्सपायरी डेट आपकी पहली ना कहने तक है,
_ उसके बाद आप दुनिया के लिए सिर्फ एक स्वार्थी इंसान बनकर रह जाते हैं.!!
एक छोटी सी चूक आपकी सारी अच्छाई भुला देती है ;
_ इसलिए अच्छे बनने का नकाब छोड़कर, बस हमेशा सच्चे बने रहने की कोशिश करें.!!
_ इसलिए अच्छे बनने का नकाब छोड़कर, बस हमेशा सच्चे बने रहने की कोशिश करें.!!






