सुविचार 5016

जिस वक्त हम कोई योजना बना रहे होते हैं, रब हमारे लिये कुछ और ही योजना बना रहा होता है.

_ माटी का पुतला पानी की एक बौछार में माटी बन जाता है.

_ केवल सपने देख कर आशावादी बनने से अच्छा है..

_ कभी यह भी सोचना की आने वाली खाई गहरी भी हो सकती है.

_ यही सोच हमें संभलने का इशारा करती है.

_ हमारे सपनों का संसार कभी भी हमारा अपना नहीं होता..

_ बन्द आंखों के साथ देखे गये इन सपनों के साथ ही कोशिश भी करनी होती है.!!

Submit a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected