सुविचार 3159
किसी भी इन्सान को उसके सोचने का नजरिया ही एक अच्छा इन्सान बनाता है.
किसी भी इन्सान को उसके सोचने का नजरिया ही एक अच्छा इन्सान बनाता है.
व्यक्ति स्वयं ही स्वयं का मित्र है, स्वयं का शत्रु है, अपने मन से निराशा का भाव हटाकर अपने मन को खुद उठाए, शक्तिशाली बनना चाहते हैं तो मन को मित्र बनाऐं.
और संबंधों में दरार आने लगती है.
अपनो के अपनत्व का, तब दिखता है साँच ।।