सुविचार 3102
स्वीकार करने की हिम्मत और सुधार करने की नीयत हो तो
इंसान बहुत कुछ कर सकता है.
इंसान बहुत कुछ कर सकता है.
ताकि आपके जीवन में कभी भी कोई भी अंधकार न फैला सके.
और प्रकृति की प्राकृतिक वस्तुओं को भूल गया.
तब अपने और सगे सभी हाथ छुड़ा लेते हैं…
उसी दिन से हमारी कमजोरी हमारी ताक़त बन जायेगी.