सुविचार 1685
जब कोई “हाथ” और “साथ” दोनों ही छोड़ देता है, तब “कुदरत” कोई न कोई उंगली पकड़ने वाला भेज देती है, इसी का नाम “जिंदगी” है….मुस्कुराते रहिए.
और बाकी का आधा दुःख सच्चे लोगों पर शक करने से आता है.
अपने आप को किसी भी काम में व्यस्त रखें, क्योंकि व्यस्त आदमी को दुखी होने का समय नहीं मिलता.