सुविचार 4858

समझदार इंसान ना तो किसी की बुराई सुनता है और न ही किसी की बुराई करता है.

सुविचार 4857

जो दो पल की खुशी आपको आने वाले कल में अत्यंत दुखी करने वाली हो,

उसे आज ही जहर की तरह त्याग देना ही उचित है.

सुविचार 4856

आपने यदि कुछ करने का मन बना लिया है, तो आपके पास उसे करने के सौ उपाय हैं,

अन्यथा उसे न करने के हजार बहाने हैं.

सुविचार 4855

तुम जैसे हो गए हो, वह तुम्हारे सोचने का ही परिणाम है.
जब हमारी सोच स्पष्ट होती है, तो हमारी choices भी बेहतर हो जाती हैं.!!

सुविचार 4854

कड़ी से कड़ी जोड़ते जाओ तो जंजीर बन जाती है,

मेहनत पे मेहनत करो तो तक़दीर बन जाती है.

सुविचार 4853

जीवन फ्री फ्लो में बहे,

जिस तरह इंसान साँस छोड़ने में आनाकानी नहीं करता क्योंकि वह जानता है, एक साँस छोड़ने के बाद अगली साँस खुद-ब-खुद आएगी.

उसी तरह जीवन में भी चीज़ों को फ्री फ्लों में आने-जाने दें, उनसे चिपकाव न रखें.

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