मस्त विचार 4714
गरीब के सुविचार का भी मोल न जाने कोय,
अमीर की बकवास पर भी “हां जी : हां जी” होय..
अमीर की बकवास पर भी “हां जी : हां जी” होय..
डरना नही यारा, धीरे धीरे निखर भी रहे हो तुम..
देखना नदियां खुद ही मिलने आएंगी..
अपनों की बात आती है, तो ऐसा लगता है ” जैसे कुछ जानते ही नहीं “
ये हुनर है मेरा, हक़ीक़त नहीं…
उसके पहले हमारी कोई औक़ात नहीं होती..!!