मस्त विचार 2839
मेरी नरमी को मेरी कमजोरी न समझना ऐ नादान,
सर झुका के चलता हु तो सिर्फ ऊपर वाले के खौफ से….!!
सर झुका के चलता हु तो सिर्फ ऊपर वाले के खौफ से….!!
_ तभी तो पता चलेगा _ हम क्या – क्या कर सकते हैं !!
_ तू देख कर न मुस्कुरा बस मुस्कुरा के देख.!!
_ मुझे कौन सा इस दुनिया में फिर आना है..
*तकलीफ तो तब हुई जब* *एक ही इंसानो के पास चेहरे बहुत हैं*
जो अक्सर कहते थे बहुत अच्छे से जानते हैं “तुझे”….