मस्त विचार 2902
जिसने भी चाहा, मतलब तक चाहा…
जब बुझ़ी आग तो, पानी ही काम आया है.
जो था मैं वो रहा नहीं, जो हूँ वो किसी को पता नहीं.
_आदमी ने आईने को, हैरत में डाल दिया है !!
_सितारों से आये हैं सितारे हो जाएंगे !!
खुश रहने की कोशिश कर लूंगा खुद ही अकेले में.
ए वक्त तु भी तेरा हिसाब कर ले मुझसे..