मस्त विचार 2474
होठों ने सारी बातें छुपा कर रखीं….
आँखों को ये हुनर कभी आया ही नहीं…
आँखों को ये हुनर कभी आया ही नहीं…
सब नाच रहे हैं
कुछ अपनी मर्जी से कुछ किस्मत की मर्जी से.
जो इस दौर में भी आपको वक़्त देता है.
जिनको साथ नहीं चलना होता, वो अक्सर रूठ जाया करते हैं.
इसी से अपनी सफलता का आकलन करें.
दर्द कुछ ऐसे है जो बस भीतर ही भीतर पलते हैं.