मस्त विचार 2065
चवन्नी की चाहे चार मिलती थी ..
खुशियाँ मीठी गोली में हज़ार मिलती थी.
खुशियाँ मीठी गोली में हज़ार मिलती थी.
कोई राहबर बना तो कोई पलट गया.
उस को ख़ुश रहना भी आए ये जरुरी तो नहीं.
उसने तब – तब धोखा दिया.
परेशान वो हैं जिनके घरों में भरे हुए तहखाने हैं.