मस्त विचार 1904

जो दूसरों के चहेरों पे मुस्कराहट देखना चाहता है,

ऊपरवाला उनकी मुस्कराहट कभी नहीं छीनता !!

दुनिया भर की तमाम चुनौतियों पर गर भारी पड़ती है तो..

..वो है आपके चेहरे पर खिली बेफ़िक्री भरी मुस्कराहट..!!

वे लोग क्या कभी ख़ुद भी मुस्कुरा भी पाते होंगे..

_ जिन्होंने न जाने कितने ही लोगों की मुस्कराहट छीनी है..!!

मस्त विचार 1903

ज़िंदगी की हर चाह, यहाँ किसकी पूरी हुई है.

अनमोल है हर सांस, जो हमें रब ने दी हुई है.

पाकर खोने का अब, ग़म मत कर ए मेरे दोस्त,

किस्मत बुरी या भली, ये कर्मो ने लिखी हुयी है.

मस्त विचार 1902

सोचने से कहाँ मिलते हैं तमन्नाओं के शहर,

चलने की जिद्द भी जरुरी है मंजिलों को पाने के लिए..

मस्त विचार 1901

कौन कहता है की हम उसे जानते नही,

जो सारी कायनात का मालिक है.

ये तो वो जाने या मैं जानू,

जिसने महसूस किया, उसने ही उसे जाना है.

मस्त विचार 1900

“छोटी सी लाइन लेकिन बड़ी बात”

जो दूसरों से उम्मीद नहीं रखते हैं,

उन्हें किसी से कोई शिकायत नहीं होती है.

error: Content is protected