मस्त विचार 1750
अंदाजा नहीं लगा सकते हम इस संसार के दुखों का,
लेकिन हाँ !!! अंदाजा तो लगाओ कभी अपने सुखों का.
मुहं से यही निकलेगा कि या रब शुक्र है तेरा.
लेकिन हाँ !!! अंदाजा तो लगाओ कभी अपने सुखों का.
मुहं से यही निकलेगा कि या रब शुक्र है तेरा.
…बेहतर ऑफर मिलते ही चेंज कर लेते हैं.
मै जब जब भी रोया….मेरे मुरशद को खबर हो गई..
वक़्त को दवा कहा और ख्वाहिशों से परहेज सुनाया.
नजदीकियां कितनी खास थी….!!
“दुआ” मिले बड़ो से.. “साथ” मिले अपनों से..
“खुशियां” मिले जग से.. “रहमत” मिले रब से..
“प्यार” मिले सब से.. “यही “दुआ” है रब से..
सब खुश रहे आप से और आप खुश रहे सबसे.!!
“दुनियां के रेन बसेरे में..पता नही कितने दिन रहना है”
“जीत लो सबके दिलो को..बस यही जीवन का गहना है”..!!