मस्त विचार 1664
जो व्यक्ति हर पल दुख का रोना रोता है,
उसके द्वार पर खड़ा सुख बाहर से ही लौट जाता है.
उसके द्वार पर खड़ा सुख बाहर से ही लौट जाता है.
_ मेरी फितरत में तो _ गैरों पर भी भरोसा करना था !!
और अच्छे लोगों की भीड़ नहीं होती.
भूल जाता है कि आधा चाँद भी खूबसूरत होता है.
हम भी वही चाहते हैं…जो आसान नहीं होता.
और दूसरों को बाधा पहुंचाने वाला व्यक्ति कभी आगे नहीं बढ़ता.