मस्त विचार 1218
महक उतनी ही बिखरी जितना मुझे अपनों ने पिसा !!!
इलाईची के दानों जैसा है बजूद मेरा ?
महक उतनी ही बिखरी जितना मुझे अपनों ने पिसा !!!
इलाईची के दानों जैसा है बजूद मेरा ?
जो हमारे कानों में धीरे से कहती है.
” सब अच्छा होगा ”
जो मिल जाता है वह हमारा चाहा हुआ नहीं होता.
__ ना कि आप के हालात …
किसी की किस्मत तुम्हारी दुआ का इंतजार कर रही हो.