अमीरो के शौक हर किसी को लुभावने लगते हैं.
मस्त विचार 917
उजाले में भी शोर मचाया करते थे. उसी दीए ने जला दिया हाथों को, जिस दीए को हम हवा से बचाया करते थे.
हम भी कभी मुसकराया करते थे.
मस्त विचार 916
चाँद को निहारने वाला मै न था. तारों को गिनने वाला मै न था. ये तो तेरे साथ का असर है. वरना किसी को इतना, याद करने वाला मै न था.
मस्ती में गुनगुनाने वाला मै न था.
मस्त विचार 915
भीतर से भी होंगे…….. हर समय खुश हाल रहना कोई हम से सीख ले सुख में सुखी और दुःख में दुखी रहना सभी कोई जानते सुख में दुःख में मस्त रहना कोई हम से सीख ले.
कब आएगा वो दिन……. जब हम भी सिर्फ गाएँगे ही नहीं,
मस्त विचार 914
हालात जो भी हो…,होंठो पर मुस्कान रखो.
एक शौक बेमिसाल रखो.
मस्त विचार 913
निःसन्देह हमें आसमान को छू लेने की तमन्ना करनी चाहिए, _
_ लेकिन औरों को गिराने का इरादा कभी नहीं.





