मस्त विचार 726
अच्छे शब्दों को ध्यानपूर्वक सुनें, चाहे वे थोड़े- से ही क्यों न हों.
क्योंकि वे थोड़े- से ही शब्द आपकी शान में मुनासिब तरक्की करेंगे.
क्योंकि वे थोड़े- से ही शब्द आपकी शान में मुनासिब तरक्की करेंगे.
पर खुशी हमेशा पागल बनने पर ही मिली है!!
बहुत देखा जिन्दगी में समझदार बनकर !
फिर भी ना जाने, क्यूँ हर रोज कमाने जाता हूँ .
ना ख़ुशी खरीद पाता हूँ, ना ही गम बेच पाता हूँ.
फिर भी यदि आप अपने आप से मित्रता कर लें तो, आप कभी अकेला महसूस नहीं करेंगे.
निःसंदेह सच्चे मित्रों की आवश्यकता हमेशा रहती है,
कुछ पत्तों के झड़ जाने से कभी पेड़ नहीं सूखता.