मस्त विचार 489
जिसकी नजर देख के, काँप जाते थे लोग.
उन्हीं लोगों को बरसात की तरह, रोते हुए देखा है.
उन्हीं लोगों को बरसात की तरह, रोते हुए देखा है.
हलचल में खो जाएं ये तमन्ना न रखना………..
ज़िन्दगी जुल्फ नही जो संवर जायेगी,
जो खुशी दे थाम लो उसका दामन,
ज़िन्दगी रो के नही हॅस के गुजर जायेगी…..
जो जीवनभर… अपने खोए हुए रंगों को खोजता रहता है..
कुछ अपनो ने बदनाम किया, कुछ बन अफसाने झूठ गऐ..
कुछ अपनी शिकस्ता नाव थी, कुछ हमसे किनारे छुट गऐ..!