मस्त विचार 448

जिसको अँधेरा दिखता है, वही रोशनी के लिए तड़पता है.

जिसको अपना अँधेरा ही नहीं दिख रहा, वो रोशनी की चाह क्यूँ करेगा.

मस्त विचार 447

आप अकेले हैं, चिन्ता की कोई बात नहीं.

इसका सीधा- सा मतलब है कि आप इतने मजबूत हैं कि

अपनी ज़िन्दगी अकेले जी सकते हैं और किसी पर निर्भर नहीं हैं.

मस्त विचार 446

सीख का कदाचित ही स्वागत होता है,

जिनको इसकी अधिक आवश्यकता है,

वे ही इसको सबसे कम पसन्द करते हैं.

मस्त विचार 445

मुझे इतनी फुर्सत कहाँ कि मैं, तकदीर का लिखा देखूँ,

बस तेरी मुसकुराहट, देख कर समझ जाता  हूँ ,,,,,,,कि

मेरी तकदीर बुलंद हैं,,,,,

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