मस्त विचार 470
बदला लेने में क्या मजा है ?
मजा तो तब है जब आप सामने वाले को बदल डालो.
मजा तो तब है जब आप सामने वाले को बदल डालो.
जिस भाव को हम न चाहें, उसे अपने मन में आने ही न दें.
पर घर की जरूरतों ने मुसाफिर बना डाला.
ग़लती वह है जो हमें चुभन देती है,
यह चुभन ही हमारी अन्तरात्मा को कचोटती है
और ग़लती को दोबारा नहीं होने देती.
कोई तो हो लूटेरा जो मेरे गम भी लूट ले…