सुविचार 5016

जिस वक्त हम कोई योजना बना रहे होते हैं, रब हमारे लिये कुछ और ही योजना बना रहा होता है.

_ माटी का पुतला पानी की एक बौछार में माटी बन जाता है.

_ केवल सपने देख कर आशावादी बनने से अच्छा है..

_ कभी यह भी सोचना की आने वाली खाई गहरी भी हो सकती है.

_ यही सोच हमें संभलने का इशारा करती है.

_ हमारे सपनों का संसार कभी भी हमारा अपना नहीं होता..

_ बन्द आंखों के साथ देखे गये इन सपनों के साथ ही कोशिश भी करनी होती है.!!

सुविचार 5015

जीवन में मौलिकता का होना ज़रूरी है,

_ ऐसे काम करना बहुत ज़रूरी है.. जिनसे सुकून और शांति मिले.!!

सुविचार 5014

एक बार जो पराया महसूस करवा दे , फिर वो लाख अच्छी बातें कर ले, पराया ही लगता है..!!

सुविचार 5013

जरूरी नहीं कि अगर आपका स्वभाव चुलबुला और मज़ाकिया है तो सामने वाला भी वैसा ही हो..

_ बातचीत करते समय यह समझना ज़रूरी है कि हर इंसान का स्वभाव अलग होता है,

_ हो सकता है सामने वाला गंभीर स्वभाव का हो और आपकी हर बात पर ठहाके न लगाए..

_ इसलिए बातचीत में संतुलन और समझदारी बनाए रखना हमेशा बेहतर होता है.!!

सुविचार 5012

हमेशा धोखा देने वाले सोचते हैं कि उन्होंने चालाकी की.. पर असल में उन्होंने खुद के लिए भरोसे का दरवाज़ा हमेशा के लिए बंद कर लिया होता है !
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