मस्त विचार 4747
मैं चरागों की भला, कैसे हिफाज़त करता…!
_ वक़्त सूरज को भी हर रोज़ बुझा देता है….!!
सूरज ने कभी नहीं सोचा होगा कि उसके डूबने के बाद एक दीया भी इसकी कमी को पूरा कर सकता है.
_किसी को छोटा मत समझना.!!
_किसी को छोटा मत समझना.!!
_ वक़्त सूरज को भी हर रोज़ बुझा देता है….!!
जिनको ठोकरों से बचना सिखाया..
यह जानते हुए भी कि यहाँ कुछ स्थिर नहीं है.
यदि आपके पास पीछे से आने का दिल है तो आपको नेतृत्व करने की आवश्यकता नहीं है.
और कोई न साथ देने को तैयार और न हाथ थामने को..
तो यह उससे कहीं अच्छा है की कोई दूसरा उसे सुधारे !!
तुमको अपने आप ही … सहारा मिल जाएगा
कश्ती कोई डूबती … पहुँचा दो किनारे पे
तुमको अपने आप ही किनारा मिल जाएगा..
तबाह करने का हौसला भी रखता हूं..
यदि यह जीवन है, तो इस पल की सार्थकता जीवन की सार्थकता है.