सुविचार 3484
जो प्रतिशोध के बजाय…परिवर्तन की सोच रखते हैं…
जो प्रतिशोध के बजाय…परिवर्तन की सोच रखते हैं…
ये वो ” समझदार ” लोग हैं जो कभी ” कीचड़ ” में पत्थर नहीं मारते,
इसलिए इनके ” दिल ” और कपड़े हमेशा साफ और बेदाग़ होते हैं.
_ एक तन खराब करता है, दूसरा मन !!
_ इंसान केवल वही दे सकता है जो उसके अंदर भरा हो..
ऐसी दिशा में न जाएं, जहां किसी को बिना दुखी किए आप सुखी हो ही न सको ; _ हजार और उपाय हैं जीवन में आनंदित होने के..
वह सदैव नए फूलों के खिलने के निर्माण में व्यस्त रहता है…
जो कुछ हमने खो दिया जिंदगी में वह जीवन नहीं हैं..
हम अब क्या प्राप्त कर सकते हैं, यही जीवन है…
हँसकर खामोशी से चल राहों मे….
हंसी और प्यार अनमोल उपहार हैं, इसलिए जोश के साथ जिएं – हंसें और जितना सांस लें उतना प्यार करें !
हम अपने खिलाफ कुछ भी नहीं सुनना चाहते.