सुविचार 4808
गलत मार्ग पर दौड़ने से बेहतर है, सही मार्ग पर धीरे चलना..
वे हमेशा कहते हैं कि समय चीजों को बदल देता है, लेकिन वास्तव में आपको उन्हें खुद बदलना होगा.
अच्छा लगता है, ” है जिंदगी तो अपने हैं “
तो कुछ पल सुकूँ से जी लेते हम भी…
ज़िंदगी भर ये तकरार किसके लिए।
जो भी आया है वो जायेगा एक दिन,
फिर ये इतना अहंकार किसके लिए॥
हद से ज्यादा समझदारी ,,,,, जीवन को नीरस कर देती है.
” किसी दूसरे को नुकसान न पहुंचे “
जो चला गया वो थोड़े लौट आयेगा..