सुविचार 2101
कोई व्यक्ति किसी दूसरे व्यक्ति जैसा क्यूँ हो, मेरा स्वयं का होना ही पर्याप्त है.
में ख्वाहिशों का बहोत कत्ल-ए- आम करता हूँ..!!
—टिक नैट हन
हम तो तेरे यार हैं,
न हार की फिकर करते हैं और न जीत का जिक्र करते हैं.
क्यूंकि वो लोग ही उसे बेहतरीन तरीके से अंजाम देने की ताकत रखते हैं.
मंजिल भी मिलेगी और जीने का मजा भी आएगा.
जिनके पास खोने को कुछ नहीं बचता.
बाकी सब तो सिर्फ कहानी सुनना पसंद करते हैं.