मस्त विचार 1507
जिन्दगी तेरी भी, अजब परिभाषा है..
सँवर गई तो जन्नत, नहीं तो सिर्फ तमाशा है.
सँवर गई तो जन्नत, नहीं तो सिर्फ तमाशा है.
अच्छे विचार अच्छे लोगों के सम्पर्क से आते हैं.
लोग उठाते ही रहते हैं.
जब मुश्किलों ने मेरी मुश्किल देखी.
तू मत बना सहारों को, ये सहारे छूट जाते हैं.
मुसीबत में कहां कोई काम आता है,
ये आदत है जहां वालों की, ये अक्सर रूठ जाते हैं.
मैं सफलता की कुंजी नहीं जानता, लेकिन असफलता की कुंजी सभी को खुश करने की कोशिश करना है.
तूने ही मुझको जीना सीखाया.
ऎसा ज्ञान तूने दिया है.
बदल दिया जीवन मेरा सारा.
कैसे उतारूँ ये कर्जा तुम्हारा.