सुविचार 1427
आप अपने आप को तभी बदल सकते हैं, जब आप अपने मन को प्रभावित करने वाले कारकों पर नियंत्रण रखते हैं.
मददगार रहें, _ जब आप किसी व्यक्ति को बिना मुस्कान के देखते हैं, तो उसे अपनी मुस्कान दें.
तुम बढ़ते जाना…….
किसी शख्स के जख्म पर मरहम किया है, यदि तूने तो, खुदा की बंदगी की है.
_ उसके पास से उसका सब समेट कर.. उसे बिल्कुल असहाय छोड़ के चल देता है..!!
अगर आपको छोडना ही है, तो अपनी कमजोरियाँ छोड़िये.