मस्त विचार 890
सामजिक रिश्ते और मानवता का नाता. इन चार कैटेगरी में सारे रिश्ते आ जाते हैं और इन्ही के इर्दगिर्द हम जीवन गुजार लेते हैं.
सामजिक रिश्ते और मानवता का नाता. इन चार कैटेगरी में सारे रिश्ते आ जाते हैं और इन्ही के इर्दगिर्द हम जीवन गुजार लेते हैं.
दुख उठ कर चला जाता है कहीं, उदासी घुल जाती है ख़ुशी की रोशनी में. खाली खाली सा मेरा मन भर उठता है खुशी से. तुम्हारे आते ही बदल जाता है सब कुछ.
जब आप मेरे बारे में सब कुछ जानते हों. तब तक नहीं, जब किसी से सुना हो.
ये बरसात तो सबके लिए होती है, लेकिन ऐ मेरे यार ये आँखें,
सिर्फ तुम्हारे लिए रोती हैं.
अब आदी हो चुके हैं तेरी यादों का नशा करते-करते ……!!
ना जाने क्यूँ फिर भी लोग जीना तुझी को कहतें हैं.
अंतर्मुखी लोगों की तीन विशेषताएं होती है. —