| Apr 27, 2015 | मस्त विचार
कोई भी निर्णय लेने से पहले दिल और दिमाग दोनों का सन्तुलन बिठाएँ, दिल जहाँ आपको यह बताएगा कि आपको क्या करने में ख़ुशी मिलेगी, तो वहीँ दिमाग बताएगा कि क्या अच्छा है और क्या नहीं.
| Apr 26, 2015 | मस्त विचार
ये चन्द पंक्तियाँ जिसने भी लिखी है,
खूब लिखी है
ग़लतियों से जुदा तू भी नही,
मैं भी नही,
दोनो इंसान हैं, खुदा तू भी नही,
मैं भी नही ..
” तू मुझे ओर मैं तुझे इल्ज़ाम देते हैं मगर,
अपने अंदर झाँकता तू भी नही,
मैं भी नही ” ..
” ग़लत फ़हमियों ने कर दी दोनो मैं पैदा दूरियाँ,
वरना फितरत का बुरा तू भी नही, मैं भी नही.
इंसान की फितरत है _ जो छोड़ कर जाए _ उसके लिए तड़पता है ;
और जो अपना सब छोड़ कर आए, _ उसे तवज्जों नही देता !
सारा दोष बस ऐसी फितरत का ही है !
| Apr 26, 2015 | मस्त विचार
“वो छोटी छोटी उड़ानों पे गुरुर नहीं करता..
जो परिंदा अपने लिये आसमान ढूँढ़ता है !!
| Apr 25, 2015 | मस्त विचार
अच्छी किताब और सच्चे दोस्त….तुरंत समझ नहीं आते.
| Apr 25, 2015 | मस्त विचार
नर्म लफ्जों से भी लग जाती है चोटें अक्सर !
रिश्तें निभाना बडा नाजुक सा हुनर होता है !!
| Apr 25, 2015 | मस्त विचार
सदा उन के कर्जदार रहिये जो आप के लिए
कभी खुद का वक्त नहीं देखता है,
और
सदा उन से वफ़ादार रहिये जो व्यस्त होने के
बावजूद भी आप के लिए वक़्त निकालता है.
| Apr 25, 2015 | मस्त विचार
इस दुनियाँ के हर शख्स को नफरत है “झूठ” से…
मैं परेशान हूँ ये सोच कर, कि फिर ये “झूठ” बोलता कौन है”.
| Apr 24, 2015 | मस्त विचार
चुप रहना भी एक कला है ,
इस संसार में जिस को भी ये आ गया ,
वो बिना किसी आवाज के बुलंदीयो पर पहुँच जाता है.
| Apr 23, 2015 | मस्त विचार
मुस्कुराओ…. क्योंकि यह मनुष्य होने की पहली शर्त है, एक पशु कभी भी नहीं मुस्कुरा सकता.
मुस्कुराओ….. क्योंकि मुस्कान ही आपके चेहरे का वास्तविक श्रृंगार है, मुस्कान आपको किसी बहुमूल्य आभूषण के अभाव में भी सुन्दर दिखाएगी.
मुस्कुराओ….. क्योंकि दुनिया का हर आदमी खिले फूलों और खिले चेहरों को पसंद करता है.
मुस्कुराओ….. क्योंकि क्रोध में दिया गया आशीर्वाद भी बुरा लगता है और मुस्कुराकर कहे गए बुरे शब्द भी अच्छे लगते हैं.
मुस्कुराओ….. क्योंकि परिवार में रिश्ते तभी तक कायम रह पाते हैं, जब तक हम एक दूसरे को देख कर मुस्कुराते रहते हैं.
मुस्कुराओ….. क्योंकि आपकी हँसी किसी की ख़ुशी का कारण बन सकती है.
मुस्कुराओ….. कहीं आपको देखकर कोई किसी गलत फहमी में न पड़ जाए, क्योंकि मुस्कराना जिन्दा होने की पहली शर्त भी है.